प्राइवेट स्कूलों की ‘लूट’ : भाग 3

हिंदी के मूर्धन्य कवि श्री मैथिली शरण गुप्त ने आज से 50 साल पहले ही लिख दिया था –

शिक्षे तुम्हारा नाश हो, तुम नौकरी के हित बनीं…

श्रीमान शिक्षा दे उन्हें तो श्रीमती कहती वहीं

“धेरो न लल्ला को हमारे, नौकरी करना नहीं!”

शिक्षे! तुम्हारा नाश हो, तुम नौकरी के हित बनी

लो मूर्खते! जीती रहो, रक्षक तुम्हारे हैं धनी!!!

अब आज के युग में शिक्षा का मतलब रह गया है एक फ़र्ज़ी डिग्री जिससे 99% लोगों को तो अब नौकरी भी नहीं मिलती…

अब मेरी बात को ध्यान से पढ़िए।

आजकल अढ़ाई साल का बच्चा स्कूल/ किंडरगार्टन में डाल दिया जाता है… मने Post Graduation की पढ़ाई तक लगभग 20 साल की कुल पढ़ाई।

आजकल सस्ते स्कूल में भी पढ़ाई का औसत खर्च 5000 रु महीना तो है ही?

अढ़ाई साल की उम्र में अपने बच्चे के नाम 5000 रु महीने की एक SIP बोले तो Systematic Investment Plan शुरू कीजिए और उसे अगले 20 साल तक चलाइये…

20 वर्ष में कुल कितना पैसा हो जाएगा?

कोई इस फील्ड का जानकार बता सकता है क्या?

महंगी प्राइवेट शिक्षा का पैसा आपने बचा के invest कर दिया।

अब अपने बच्चे को सरकारी स्कूल में पढ़ाइये और सिर्फ पहले दो साल उसे आप खुद अक्षर ज्ञान करा के पढ़ना और लिखना सिखा दीजिये।

इसके साथ उसे CBT की pictorial Books देना शुरू कीजिए। इसपे सिर्फ 100 रु महीना खर्च आएगा।

अगले 3 साल में उसे बाल साहित्य पढ़ने का चस्का लग जायेगा… फिर वो धीरे से NBT का बाल साहित्य पढ़ने लगेगा… इसके अलावा market में इतने comics हैं जो खेल खेल में पूरा विज्ञान और Social Science पढ़ा डालते हैं… अपने बच्चे को साहित्य पढ़ना सिखा दीजिये… बाल साहित्य…

इसके अलावा उसे basic Life Skills घर पर ही सिखाइये… simple… खाना बनाना, अपने कपड़े धोना, अपनी देखभाल खुद करना…

सुबह शाम Stadium भेजिये… कोई भी एक Competitive Sports कराइये।

Youtube से उसे दुनिया के सबसे बेहतरीन Music और World सिनेमा से परिचय कराइये… बेहतरीन सिनेमा कैसे देखना है, wikipedia पर उसके बारे में कैसे पढ़ना है… उसे कैसे enjoy करना है… ये सिखाइये।

12 साल की उम्र में उसे AVIMAS मनाली से पहला Adventure कोर्स करा दीजिये। उसके बाद प्रत्येक summer Vacation में उसे JIM pahalgam, NIM उत्तरकाशी, AVIMAS मनाली या अन्य Adventure और Mountaineering Courses में भेजिये… Summers में white water Rafting, सर्दियों में Skeeing…

12 साल की उम्र से ही उसे travelling और घुमक्कड़ी सिखाइये… पढ़ने का चस्का आप उसे बचपन में ही डाल चुके हैं इसलिए अब पढ़ाई कोई मुद्दा नहीं है… जिसे एक बार पढ़ने का चस्का लग गया वो गया हाथ से… इसलिए tension नक्को…

इतना सब करने के लिए आपको ज़्यादा कुछ नहीं करना… सिर्फ खुद अपने बच्चे का role model बनना है, उसका Leader बनना है और उसे सिर्फ 1 घंटा देना है रोज़ाना… सिर्फ 1 घंटा quality time… जिसमें आपको उससे सिर्फ बातें करनी है… दुनिया जहान की बातें… ढेर सारी बातें…

8th class के बाद उस सरकारी स्कूल में भी भेजना बंद कर दीजिए… home education… internet और Youtube से पढ़ना सिखाइये बचपन से ही…

10th और 12th NOS बोले तो नेशनल ओपन स्कूल से, BA, MA इग्नू (IGNOU) से….

अब आपका बच्चा हो गया 25 साल का… इन 25 सालों में उसने आधी दुनिया घूम ली अकेले, Mountaineering का advance कोर्स कर लिया दो बार… दुनिया जहान का अंग्रेजी हिंदी साहित्य चाट लिया… हनी सिंह से ले के Mozart और Beethoven तक संगीत सुन लिया और विश्व सिनेमा देख मारा…

अब ये बताइये कि 25 साल की उम्र में उसके उस SIP वाले प्लान में कितना पैसा होगा?

अब आपका बच्चा किसी नौकरी का मोहताज होगा क्या?

आज के प्राइवेट स्कूल की महंगी पर खोखली शिक्षा आपके बच्चे को मार रही है… वो उसे सिर्फ एक नकलची रट्टू तोता और बोझ ढोने वाला गधा बना रही है जिसके पास सीमित किताबी ज्ञान है और Skill के नाम पर वो big zero है…

इन महंगे प्राइवेट स्कूलों से बचो… भेड़ चाल से बचो… Go For Home Schooling…

मैंने अपने घर के 5 बच्चे इसी पद्धति से पढ़ाये हैं… अपना खुद का निजी अनुभव शेयर किया है…

बस वो SIP नहीं कराई… खा पी, छान फूंक सब उड़ा दिया…

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