2025 में शुरू नहीं, 2025 कुम्भ मेले तक बनकर तैयार होगा राम मंदिर

देश में राम मंदिर मीडिया वालों के लिए ऐसा विषय है, जिस पर वे जब चाहें तब अपनी घटती टीआरपी को बढ़ा सकते हैं। समाचार चैनलों के घटते स्तर की चिंता करने वाले पत्रकार ही समाचार चैनलों का स्तर घटा रहे हैं, और राम मंदिर जैसे विषय जो समाज के विषय हैं, उन्हें तोड़ मरोड़ कर रखते हैं, जिससे उनके अपने रोचक टीवी डिबेट तैयार हो सकें, और घटती टीआरपी बढे।

मीडिया घरों का यह घटिया स्तर पुनः राम मंदिर के विषय पर सामने नज़र आया है जब राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सर कार्यवाह भैय्या जी जोशी ने आज कुम्भ मेले में कुछ मुख्य बातें अपने वक्तव्य में रखी। उन्होंने कहा – “2025 में अगला कुम्भ लगेगा तब तक भारत के राष्ट्रीय गौरव के प्रतीक राम मंदिर का निर्माण पूर्ण होकर राष्ट्र समृद्धि की दिशा में आगे बढ़ेगा।”

अब अगर हम उनकी बातों पर ध्यान दें तो उन्होंने ऐसा कहीं नहीं कहा कि मंदिर 2025 में बनेगा, बजाये उसके उन्होंने कहा “राम मंदिर का निर्माण पूर्ण होकर” जिसका साफ़ मतलब है कि राम मंदिर निर्माण का कार्य शुरू पहले से ही हो चुका होगा।

मगर हमारा कार्यनिष्ठ मीडिया समाज यह दिखाने को आतुर है कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरकार्यवाह यानि हिन्दू समाज के सर्वोच्च संगठन के दूसरे सर्वोच्च दायित्व पर बैठे व्यक्ति ने यह बात कही कि अब राम मंदिर 2025 में बनेगा।

मीडिया यह दिखने को आतुर है कि संघ का सरकार से विश्वास उठ चुका है; अब संघ सरकार के विरुद्ध खड़ा है, इत्यादि। मगर प्रश्न यह उठता है कि ऐसा दिखा कर मीडिया को क्या फ़ायदा होगा? इसका सीधा सीधा जवाब है कि हमारे लोकतंत्र का तथाकथित चौथा स्तम्भ मीडिया बातों की तह तक गए बिना, अपने हिसाब से बातों को तोड़ मरोड़ कर दिखायेगा, जिससे जनता के मन से सरकार, संघ पर से भरोसा उठे; अपने प्रायोजकों के लिए नए प्रोग्राम वह तैयार कर सके।

एक बार ध्यान देते हैं सरकार्यवाह जी की कही मुख्य बातों पर:
1 . “6 वर्षों के पश्चात् 2025 में पुनः कुम्भ मेले का आयोजन होगा, तब तक भारत के राष्ट्रीय गौरव के प्रतीक राम मंदिर का निर्माण पूर्ण होकर राष्ट्र समृद्धि की दिशा में आगे बढ़ेगा।”
2 . “1951 में सोमनाथ मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा के शुभ अवसर पर तत्कालीन महामहिम राष्ट्रपति डॉ राजेंद्र प्रसाद ने अपने भाषण में भी सोमनाथ जैसे राष्ट्रीय गौरव चिन्ह के पुनर्निर्माण की घटना को भारत के समृद्धि की ओर अग्रसर होने वाली घटना कहा था।”
3 . “कुम्भ मेले जैसे सांस्कृतिक पर्वों द्वारा होने वाले राष्ट्रीय तथा सांस्कृतिक जागरण से विकास की दिशा में ले जाने के लिए समाज को सक्रिय होने की प्रेरणा मिलती है। “

इन बातों में उन्होंने कुम्भ मेला व देश के गौरव के प्रतीक राम मंदिर व सोमनाथ मंदिरों की स्थापना से होने वाली समृद्धि की बात की है, उन्होंने बताया है कि इनकी पुष्टि देश के पहले राष्ट्रपति भी कर चुके हैं। मगर मीडिया घराना न कुम्भ की चर्चा करेगा, न सोमनाथ मंदिर, न राष्ट्र के गौरव की; मगर वह चर्चा करेगा संघ, भाजपा और 2019 के लोकसभा चुनावों की। मीडिया का स्तर इसी वजह से गिर रहा है क्योंकि मीडिया राजनीतिक बाइट के आसपास ही सिकुड़ कर रह गया है।

सन्दर्भ
https://navbharattimes.indiatimes.com/state/uttar-pradesh/allahabad/rss-bhaiyaji-joshi-says-ram-mandir-will-construct-in-2025/articleshow/67582888.cms

https://www.amarujala.com/uttar-pradesh/allahabad/bhaiyyaji-joshi-comment-on-ram-mandir-in-kumbh-mela-2019-prayagraj

https://economictimes.indiatimes.com/news/politics-and-nation/rss-takes-a-dig-at-modis-govt-says-ram-mandir-will-be-built-in-2025/videoshow/67584206.cms

Comments

comments

loading...

LEAVE A REPLY