असमंजस में छोड़ने वाला असमंजस बाबू – 2

बचपन में जब मदारी बन्दर को लेकर खेल दिखाने आता था तो मैं असमंजस में पड़ जाता था. समझ नहीं पाता था कि कलाकार कौन है? बन्दर या मदारी? बन्दर कलाकार है तो मदारी का क्या काम? मदारी कलाकार है तो क्या बन्दर मदारी की आहार्य सामग्री है? लेकिन आज यह प्रश्न निरर्थक लगता है. … Continue reading असमंजस में छोड़ने वाला असमंजस बाबू – 2